Thursday, November 5, 2009

जबलपुर यात्रा




विगत दिनों मैं सपरिवार जबलपुर घूमने गया था | हम लोग ३१ अक्टूबर को दोपहर बाद जबलपुर पहुंचे और तुंरत ही भेडाघाट घूमने चले गए | ऊंची ऊंची संगमरमर की चट्टानों के बीच नर्मदा नदी का पानी खूबसूरत
प्राकृतिक सौंदर्य बिखेरता है | हमने नौकायन का आनंद लिया | नाव पर गाईड द्वारा अपने विशेष अंदाज और तुकबंदी के साथ की गयी कमेंट्री आकर्षक लगी | वहां से हम धुवांधार जल प्रपात देखने गए और रोपवे का
आनंद लिया | प्रकृति की सुन्दरता देर तक निहारने के बाद हम वापस होटल आ गए |बहुत से फिल्मों और
विज्ञापनों की शूटिंग वहां पर होती रही है |





23 comments:

vimal verma said...

khoob badhiya..aap to Jabalpur bhI ghoom aaye, aur chehare dekhakar to lag hI rahaa hai ki yatra sukhad rahi ...tasveeron ke liye shukriya.

ओम आर्य said...

badhiya lagi aapaki jabalpur yatra....

sada said...

सचित्र यात्रा वर्णन अच्‍छा लगा ।

Ayush said...

और कही भी यात्रा करे तो उसके बारे में और अच्छी
जानकारी दे | बहुत अच्छी सोच

Ayush said...

और कही भी यात्रा करे तो उसके बारे में और अच्छी
जानकारी दे | बहुत अच्छी सोच

भंगार said...

यात्रा देख कर प्रिय लगा

M VERMA said...

बहुत सुन्दर लगा. जबलपुर् यात्रा आपने अपने परिवार के साथ की हमें यूँ लग रहा है हमने भी कर ली (चित्रों की जीवंतता के कारण)
धन्यवाद

Udan Tashtari said...

तस्वीरें देखकर जाबलपुर की याद हो आई. आशा है जबलपुर आपको पसंद आया होगा. जब गये थे तो एक ब्लॉगर मीट भी कर लेते पूर्व सूचना के साथ. :)

Dr.R.Ramkumar said...

भेड़ाघाट की या़त्रा पर नौकासन के दौरान नाव चलानेवालों पर , उनकी जिन्दादिल चुहलों पर ध्यान दिया होगा और आनंद लिया होगा। बधाई।

नीरज गोस्वामी said...

नयनाभिराम चित्र...भेडा घाट के नाम के साथ ही 'जिस देश में गंगा बहती' का दृश्य जिसमें पद्मिनी 'ओ बसंती पवन पागल ना जा रे ना जा रोको कोई...' याद आ जाता है..वो पूरा गीत भेडा घाट की पहाडियों पर ही फिल्माया गया था...
नीरज

दिगम्बर नासवा said...

आपके साथ जबलपुर की यात्रा का सौभाग्य हमको भी मिल गया ... बहूत ही सुन्दर चित्र हैं .. लाजवाब

Roshani said...

बहुत बढ़िया अजय जी आपने हमारी याद ताज़ा कर दी. हमने भी जबलपुर की यात्रा राष्ट्रिय नाट्य समारोह के समय गये थे तब हमारे साथ स्व. हबीब तनवीर जी की बेटी और तनवीर जी के साथी कलाकार थे.

alok said...

Nice to see the snaps and also knowledge about places.in future also please make a visit of more places in india and place the details in your blog.nice approach to giude .

rgds
alok

संजय भास्कर said...

बहुत सुन्दर लगा. जबलपुर् यात्रा आपने अपने परिवार के साथ की हमें यूँ लग रहा है हमने भी कर ली

संजय कुमार
हरियाणा
http://sanjaybhaskar.blogspot.com

संजय भास्कर said...

बहुत सुन्दर लगा. जबलपुर् यात्रा आपने अपने परिवार के साथ की हमें यूँ लग रहा है हमने भी कर ली

संजय कुमार
हरियाणा
http://sanjaybhaskar.blogspot.com

संजय भास्कर said...

बढ़िया प्रस्तुति पर हार्दिक बधाई.
ढेर सारी शुभकामनायें.

संजय कुमार
हरियाणा
http://sanjaybhaskar.blogspot.com

भंगार said...

बहुत खामोश हैं ,क्या फिर कोई तूफ़ान उठने वाला

है ....इन्तजार है ...पिघलते हुए लावे का

अर्शिया said...

आपके बहाने हम भी जबलपुर हो आए, हकीकत में न सही वर्चुअल ही सही। और इसके लिए आपको धन्यवाद तो दिया ही जाना चाहिए।
------------------
और अब दो स्क्रीन वाले लैपटॉप।
एक आसान सी पहेली-बूझ सकें तो बूझें।

Mayank Rai said...

वाह अजय जी संगमरमर की वादियो में टहल आये.

Krishna Kumar Mishra said...

आप को सीता मढी अवश्य जाना चाहिये था मोंगली की जन्म भूमि

Rector Kathuria said...

अजय जी !
आपने तो हमें भी जबलपुर की सैर करवा दी..इतनी बड़ा तस्वीरों के लिए बधाई स्वीकार करें....वैसे यह समझाना कुछ मुश्किल सा है कि आप मूलत: सहायर हैं या फिर फोटोग्राफर....? कुल मिला कर आप में दोनों विधायों कि खूबियन मौजूद हैं..कभी लुधियाना (पंजाब) में आयें तो ज़रूर मिलें.... वर्ड-वेरिफिकेशन हटाने के लिए जो मार्गदर्शन आप ने दिया उसके लिए आभारी हूँ..भविष्य में भी इस रौशनी को बनाये रखना..

Rector Kathuria said...

संशोधित संदेश : अजय जी आपने तो हमें भी जबलपुर की सैर करवा दी..इतनी बढिया तस्वीरों के लिए बधाई स्वीकार करें....वैसे यह समझना कुछ मुश्किल सा है कि आप मूलत: शायर हैं या फिर फोटोग्राफर....? कुल मिला कर आप में दोनों विधायों की कलाकारी मौजूद है...कभी लुधियाना (पंजाब) में आयें तो ज़रूर मिलें.... वर्ड-वेरिफिकेशन हटाने के लिए जो मार्गदर्शन आप ने दिया उसके लिए आभारी हूँ..भविष्य में भी इस रौशनी को बनाये रखना..हिंदी टाइपिंग में हुयी गल्तीओं के लिए क्षमा चाहता हूँ...

siddhartha said...

chachu its a scintillating trip...spesially the location where narmada river is seen in the snap......very natural......